सिंगरौली के सरकारी स्कूलों के बच्चे भी बनेंगे 'चैंपियन': ₹13.29 करोड़ की लागत से बनेगा आधुनिक खेल परिसर, प्रशासन और NCL के बीच MOU

सिंगरौली के सरकारी स्कूलों के बच्चे भी बनेंगे 'चैंपियन': ₹13.29 करोड़ की लागत से बनेगा आधुनिक खेल परिसर, प्रशासन और NCL के बीच MOU


 डिजिटल सिंगरौली न्यूज़ डेस्क;
सिंगरौली के शासकीय विद्यालयों और छात्रावासों के छात्र-छात्राओं के लिए एक सुनहरा भविष्य आकार लेने जा रहा है। कलेक्टर श्री गौरव बैनल के विशेष प्रयासों से जिले में खेल अधोसंरचना को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ले जाने के लिए जिला प्रशासन और एनसीएल (NCL) के बीच ₹13.29 करोड़ का एक महत्वपूर्ण समझौता (MOU) हुआ है।

एक ही छत के नीचे मिलेंगी विश्वस्तरीय सुविधाएं

सीएसआर (CSR) मद के तहत निर्मित होने वाले इस खेल परिसर में युवाओं को वे सभी सुविधाएं मिलेंगी जो अब तक केवल बड़े महानगरों तक सीमित थीं:

  • मैदानी खेल: बास्केटबॉल कोर्ट, लॉन टेनिस और क्रिकेट नेट प्रैक्टिस पिच।
  • इंडोर खेल: बैडमिंटन कोर्ट और टेबल टेनिस।
  • वॉटर स्पोर्ट्स: अत्याधुनिक स्विमिंग पूल।
  • अकादमी और कोचिंग: टेनिस, बैडमिंटन, क्रिकेट और तैराकी के लिए विशेष प्रशिक्षण अकादमियां बनेंगी, जहाँ प्रशिक्षित कोच युवाओं को तराशेंगे।

कलेक्टर की अध्यक्षता वाली 'सोसायटी' करेगी संचालन

खेल परिसर के सुचारू संचालन और रखरखाव के लिए एक स्वतंत्र प्रशासनिक निकाय (सोसायटी) का गठन किया जाएगा। 7 सदस्यीय इस निकाय की अध्यक्षता स्वयं कलेक्टर करेंगे। यह परियोजना मार्च 2027 तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें अगले दो वर्षों तक संचालन एवं रखरखाव की व्यवस्था भी शामिल है।

पिछड़े वर्गों और महिलाओं को प्राथमिकता

परियोजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के युवाओं की खेल प्रतिभा को निखारना है। कलेक्टर ने विशेष रूप से महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और जमीनी स्तर पर छिपी प्रतिभाओं की पहचान करने के निर्देश दिए हैं।

प्रमुख बिंदु:

  • टेंडर: निविदा प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है और 10 अप्रैल से लाइव हो जाएगी।
  • राजस्व मॉडल: भविष्य में निजी स्कूलों के छात्रों के लिए शुल्क आधारित उपयोग और कॉर्पोरेट स्पॉन्सरशिप से रखरखाव का खर्च निकाला जाएगा।
  • निर्माण: म.प्र. आवास एवं अधोसंरचना विकास संस्था द्वारा इस प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारा जाएगा।

एमओयू के दौरान कलेक्टर गौरव बैनल, जिला पंचायत सीईओ जगदीश गोमे, एनसीएल के महाप्रबंधक (CSR) राजीव रंजन और एमपी हाउसिंग के कार्यकारी अभियंता शेर सिंह उपस्थित रहे।